रतलामवासियों के लिए राहत की उल्टी गिनती ! 2 महीने बाद 8-लेन एक्सप्रेस-वे से भर सकेंगे मुंबई की उड़ान
रतलाम से दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेस-वे का सफर अब आसान होने वाला है। NHAI के अनुसार 30 जून तक मुख्य बाधाएं दूर कर दी जाएंगी, जिससे रतलामवासी 8-लेन मार्ग से सीधे मुंबई तक जा सकेंगे। जानें प्रोजेक्ट की ताजा स्थिति।
30 जून तक मार्ग की मुख्य बाधाएं होंगी दूर; दिल्ली-मुंबई के बीच 24 घंटे का सफर अब होगा मात्र 12 घंटे का
एसीएन टाइम्स @ रतलाम । अगर आप रतलाम से दिल्ली या मुंबई जाने के लिए 8-लेन एक्सप्रेस-वे (NE4 Expressway Update) की राह देख रहे हैं, तो आपके लिए अच्छी खबर है। इस महत्वाकांक्षी परियोजना के पूर्ण होने का इंतजार अब खत्म होने वाला है। यदि कोई प्राकृतिक या तकनीकी बाधा नहीं आई, तो अगले दो महीनों के भीतर आप इस आधुनिक मार्ग से मुंबई तक का सफर तय कर सकेंगे।
दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेस-वे (Delhi Mumbai Expressway) केंद्र सरकार की एक गेम-चेंजर योजना है। हालांकि इसका लक्ष्य 2023 में पूरा होना था, लेकिन विभिन्न कारणों से इसमें देरी हुई। भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) की प्रोजेक्ट इंप्लीमेंटेशन यूनिट, गोधरा (Godhra Unit) द्वारा जारी पत्र के अनुसार, 30 जून तक मार्ग की प्रमुख बाधाओं को दूर कर इसे यातायात के लिए विधिवत खोलने की संभावना है।
एक्सप्रेस-वे के कार्यों की स्थिति
अड़चनें जो अब होंगी दूर
मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) के थांदला (Thandla) के आगे एक्सप्रेस-वे के कई हिस्से बनकर तैयार हैं, लेकिन कुछ तकनीकी कमियों और पहाड़ी ढलानों के निर्माण के कारण आवाजाही रुकी हुई थी। मुकुंदरा हिल्स में सुरंग निर्माण और मुंबई के समीप के कार्यों में अब तेजी आई है। NHAI के अनुसार, अगले दो महीनों में मुंबई से मुकुंदरा हिल्स तक का कार्य और सुरंग का निर्माण पूरा होते ही रतलाम से दोनों महानगरों (दिल्ली-मुंबई) की ओर सीधा आवागमन शुरू हो जाएगा।
एक नजर दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे (NE4) पर
| विशेषता | विवरण |
| कुल लंबाई | 1350 - 1386 किलोमीटर |
| लेन क्षमता | 8-लेन (12-लेन तक विस्तार योग्य) |
| गति सीमा | 120 किमी/घंटा (निर्धारित) |
| परियोजना लागत | लगभग ₹1,00,000 करोड़ |
| प्रमुख राज्य | हरियाणा, राजस्थान, म.प्र., गुजरात और महाराष्ट्र |
| प्रमुख शहर | जयपुर, कोटा, रतलाम, वडोदरा, सूरत |
| समय की बचत | यात्रा समय 24 घंटे से घटकर 12 घंटे रह जाएगा |
| सुविधाएं | एम्बुलेंस, हेलीपैड, फूड कोर्ट और पेट्रोल पंप |
नोट- एक्सप्रेस-वे का 244 किलोमीटर लंबा हिस्सा झाबुआ, रतलाम व मंदसौर जिले में है। इसमें से रतलाम जिले में 90, झाबुआ जिले में 50.95 व मंदसौर में 102 किमी से एक्सप्रेस-वे गुजर रहा है।
रतलाम के विकास को लगेंगे पंख
8 लेन एक्सप्रेस-वे के पूरी तरह चालू होने से न सिर्फ रतलाम से दिल्ली-मुंबई की दूरी आधे समय में पूरी होगी वरन यात्रा सुगम होगी। यह समय बचाने का मार्ग नहीं है, इससे रतलाम के आर्थिक और औद्योगिक विकास को भी नई गति मिलेगी। रसद (logistics) और व्यापार के क्षेत्र में रतलाम एक प्रमुख केंद्र बनकर उभरेगा। यानी इसके पास विकसित हो रहा औद्योगिक निवेश क्षेत्र (Industrial Investment Zone) स्थापित रतलाम की दशा और दिशा दोनों बदलेगा।
चेतन्य काश्यप, एमएसएमई मंत्री, मप्र
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