कोरोना से जुड़े तीन आदेश... जिनके बारे में आपको जानना जरूरी है, यदि अभी इन्हें नजरअंदाज कर दिया तो आपका मुसीबत में फंसना तय है
कोविड की तीसरी लहर और ओमिक्रोन से बचने को लेकर प्रशासन लगातार सख्त हो रहा है। जिला दंडाधिकारी ने प्रतिबंधात्मक आदेश जारी कर फेस मास्क का उपयोग कर दिया है। शादी समारोह के लिए वैक्सीनेशन जरूरी है।

रतलाम फेस मास्क लगाना अनिवार्य, शादी में वैक्सीनेशन सर्टिफिकेट के बिना प्रवेश नहीं कर सकेंगे, वैक्सीनेशन में आनाकानी पर होगी परेशानी
एसीएन टाइम्स @ रतलाम । कोरोना की तीसरी लहर की आशंका बढ़ने के साथ ही जिला प्रशासन सख्त होता जा रहा है। जिला दंडाधिकारी और कलेक्टर कुमार पुरुषोत्तम ने जिले में धारा 144 के तहत जिले में फेसमास्क का उपयोग अनिवार्य कर दिया है। उल्लंघन पर जुर्माने के साथ ही धारा 188 में कार्रवाई भी होगी। अब कोई भी शादी समारोह में बिना वैक्सीनेशन सर्टिफिकेट के नहीं जा सकेगा। वैक्सीनेशन में आनाकानी करने वालों की भी अब खैर नहीं।
देश में कोरोना का नया वेरिएंट प्रवेश कर चुका है। कर्नाटक में दो संक्रमितों के पाए जाने के साथ ही शासन-प्रशासन ने सख्ती बढ़ा दी है। इस सख्ती से जुड़ी जिले की तीन खबरों सभी को पढ़ना चाहिए और उसके अनुरूप आचरण भी करना चाहिए। अगर ऐसा नहीं करते हैं तो कई तरह की परेशानी में पड़ना तय है। इसलिए खुद ही नहीं, औरों को भी यह पढ़वाएं और प्रशासन द्वारा लगाए गए प्रतिबंधों और दिए गए निर्देशों का पालन करें और दूसरों से भी करवाएं।
पहली खबर... फेस मास्क नहीं लगाया तो देना होगा जुर्माना, दुकान-संस्थान कर देंगे सील
जिला दंडाधिकारी एवं कलेक्टर पुरुषोत्म ने दंड प्रक्रिया संहिता 1973 की धारा 144 शक्तियों का प्रयोग में लाते हुए प्रतिबंधात्मक आदेश जारी किया है। इसके अनुसार अब समस्त शासकीय कार्यालयों और अर्द्धशासकीय, निजी कार्यालयों के समस्त अधिकारियों, कर्मचारीगणों को फेस मास्क लगाना अनिवार्य हो गया है। सभी सार्वजनिक एवं कार्य स्थलों पर कोई भी व्यक्ति बिना फेस मास्क के पाया जाता है तो उस व्यक्ति पर 100 रुपए अर्थदंड होगा।
सभी संस्थानों और प्रतिष्ठानों में दुकानदारों एवं काम करने वाले कर्मचारियों या ग्राहक में से कोई भी बिना फेस मास्क के पाया गया तो कार्रवाई दुकानदार पर होगी। उससे 100 रुपए से लेकर 250 रुपए तक का अर्थदंड वसूला जाएगा। यदि किसी संस्थान व दुकान में इसकी 3 बार से अधिक पुनरावृति पाई जाती है तो उसे 24 घंटे के लिए सील कर दिया जाएगा। संचालन बंद करवाया जाएगा। आदेश के उल्लंघन पर भारतीय दंड संहिता वन 1860 की धारा 188 तथा आपदा प्रबंधन अधिनियम 2005 की धारा 51 से 60 के प्रावधानों के तहत कार्रवाई की जाएगी।
पहली खबर... बगैर वैक्सीनेशन मैरिज गार्डन में मिले तो गार्डन संचालक होंगे जिम्मेदार
जिला प्रशासन ने मैरिज गार्डन संचालकों को सख्त निर्देश दिए हैं। कहा गया है कि मैरिज गार्डन में होने वाले समारोह में उपस्थित होने वाले प्रत्येक व्यक्ति का वैक्सीनेशन आवश्यक है। कलेक्टर पुरुषोत्तम के निर्देश पर मैरिज गार्डन संचालकों की बैठक ली गई। इसमें एसडीएम रतलाम शहर अभिषेक गेहलोत ने सभी को निर्देश दिए कि वे एक-एक जिम्मेदार व्यक्ति को गेट पर तैनात करें। वह वहां आने वाले सभी व्यक्तियों के वैक्सीनेशन का सर्टिफिकेट चैक करेगा। उसे चैक करने होगा कि मैरिज गार्डन आने वाले हर व्यक्ति के दोनों डोज पूर्ण हो गए हैं। यदि एक डोज लगा है और दूसरे की ड्यू डेट अभी नहीं आई है तो वह भी चैक करें। सभी का वैक्सीनेशन सर्टिफिकेट अनिवार्यरूप से चैक करें।
यदि वैक्सीनेशन सर्टिफिकेट नहीं है तो कोविन पोर्टल के माध्यम से चैक करें कि संबंधित व्यक्ति का वैक्सीनेशन हुआ है या नहीं। किसी भी परिस्थिति में बिना वैक्सीनेशन वाला व्यक्ति पाया जाता है तो इसके लिए मैरिज गार्डन संचालक को ही जिम्मेदार ठहराया जाएगा और उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। मैरिज गार्डन में उपस्थित व्यक्ति यदि 18 वर्ष से ऊपर का है तो उसका वैक्सीनेशन होना अनिवार्य है। वैक्सीनेशन नहीं पाए जाने पर मैरिज गार्डन संचालक को जिम्मेदार माना जाएगा।
नागरिक भी साथ रखें वैक्सीनेशन सर्टिफिकेट- कलेक्टर ने आमजन से भी अपने-अपने वैक्सीनेशन सर्टिफिकेट मोबाइल में अथवा हार्डकॉपी में साथ रखने का आह्वान किया है। जांच होने पर यह दिखाना अनिवार्य है। उन्होंने सभी से कोविड प्रोटोकाल का पालन करते हुए मास्क पहनने व सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करने की अपील भी की है।
बन चुकी है वैक्सीनेशन नहीं कराने वालों की कुंडली, नहीं समझे तो पड़ जाएंगे मुसीबत में
रतलाम शहर एसडीएम अभिषेक गेहलोत ने सभी से वैक्सीनेशन करवाने के लिए कहा है। उन्होंने बताया रतलाम शहर में पहले डोज के 84 दिन बाद दूसरा डोस लगवाना है। बावजूद कई लोग लापरवाही बरत रहे हैं। ये 150 से लेकर 200 दिन बाद तक भी दूसरा डोज नहीं लगवा रहे हैं। ऐसे लापरवाह लोगों को चिन्हित कर लिया गया है। उनके निवास, प्रतिष्ठान और कार्यस्थल की जानकारी भी एकत्र कर ली गई है। वैक्सीनेशन नहीं करवाने पर उनके विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी। यदि व्यक्ति नौकरी में है तो उसे नोटिस जारी किया जाएगा। प्रतिष्ठान में कार्यरत हैं तो उसका प्रतिष्ठान भी बंद कर दिया जाएगा।