धन्य हुई धरा ! पद्म विभूषण नारायण मूर्ति ने किया विश्व के प्रथम सुख शक्ति धाम का लोकार्पण, रतलाम को मिला आत्म-निरीक्षण और सदाचार का नया केंद्र
पद्म विभूषण नारायण मूर्ति ने विश्व के पहले सुख शक्ति धाम का रतलाम में किया शुभारंभ। खुशी और सफल नेतृत्व का मंत्र भी बताया।
एसीएन टाइम्स @ रतलाम । रतलाम नगर के लिए 4 जनवरी का दिन एक ऐतिहासिक उपलब्धि के रूप में दर्ज हुआ। पद्म विभूषण नारायण मूर्ति ने विश्व के प्रथम ‘‘सुख शक्ति धाम’’ का भव्य लोकार्पण किया। इसे आत्म-निरीक्षण, मन की शांति और नैतिक जीवन मूल्यों को जन-जन तक पहुँचाने के उद्देश्य से स्थापित किया गया है। अध्यक्षता इस अवधारणा के शिल्पकार और प्रेरणास्रोत डॉ. वल्लभ भंसाली (मुंबई) ने की। विशिष्ट अतिथि इनाम सिक्यूरिटीज के अध्यक्ष नेमीश भाई शाह, इप्का समूह के प्रेमचंद गोधा एवं कैबिनेट मंत्री चेतन्य काश्यप रहे।

सुख शक्ति धाम के लोकार्पण अवसर पर नारायण मूर्ति ने कहा कि समाज में स्थायी परिवर्तन बाहरी व्यवस्था से नहीं, बल्कि व्यक्ति के आत्म-अनुशासन और मूल्यों से आता है। उन्होंने सुख शक्ति धाम को आत्म-जागरण का केंद्र बताते हुए कहा कि यह स्थान लोगों को भीतर की स्पष्टता, नैतिकता और सामाजिक उत्तरदायित्व की ओर प्रेरित करेगा। सुख और शक्ति शब्द ही हमारी गहरी मानवीय आकांक्षाओं का सार है। ये कोई खरीदी जाने वाली वस्तुएं नहीं है अपितु ऐसे फल है जिन्हें हमें अपने दैनिक जीवन में स्वयं ही विकसित करना होता है। सबको सुख एवं शक्ति पर आधारित एक उज्जवल भविष्य का निर्माण करना चाहिए।

सुख शक्ति धाम रतलाम के परिवर्तन की धरा- चेतन्य काश्यप
कैबिनेट मंत्री काश्यप ने कहा कि सुख शक्ति धाम रतलाम के परिवर्तन की धरा है। वल्लभ भंसालीजी ने अपनी कल्पना को साकार करने के लिए रतलाम को चुना है और उन्हें उम्मीद है कि रतलाम के सारे युवा इसमें भागीदार बनेंगे। भगवान महावीर हो या बुद्ध, सबने ध्यान किया और समाज को विचार दिया। आर्थिक प्रगति भी असली प्रगति नहीं होती। सत्ता के शीर्ष पर भी शांति और सुख का अनुभव नहीं होता। इसीलिए भारत के मनीषियों ने ध्यान का जो विचार दिया, उससे सुख और शांति दोनों मिलते है। सुख शक्ति धाम रतलाम को नई दिशा दिखाने का काम करेगा।

इन्होंने भी किया संबोधित
इनाम सिक्यूरिटीज के शाह एवं इप्का के गोधा ने डॉ. भंसाली के दृष्टि पूर्ण प्रयास की सराहना करते हुए इसे समय की आवश्यकता बताया। मौसम की प्रतिकूल परिस्थितियों के कारण टोरेंट समूह के चेयरमैन सुधीर मेहता एवं फोर्स मोटर्स के चेयरमैन अभय फिरोदिया ने वर्चुअली संबोधित कर शुभकामनाएं दी। क्यूरेटर कात्यायनी अग्रवाल एवं युवा आर्किटेक्ट आदिल ढोलकिया का सम्मान किया गया।
यह भी देखें... जीवन दर्शन ! सुख और शक्ति का संतुलन ही सच्चा नेतृत्व है– पद्मविभूषण नारायण मूर्ति
उद्योगपति मुकेश जैन किया अभिनंदन
आरंभ में संयोजक मंडल के मुकेश जैन, गुस्ताद अंकलेसरिया, मेघकुमार लुनिया, जयंत जैन, संजय व्यास, गौरव त्रिपाठी, वैभव रांका, संजय चपरोट, डॉ. श्याम सुंदर पाटीदार, राजीव श्रीवास्तव एवं मोहित मूणत ने अतिथियों का स्वागत किया। डॉ. वल्लभ भंसाली ने इस धाम को धरातल पर लाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाले मुकेश जैन का अभिनंदन किया। अंत में आभार प्रदर्शन मुकेश जैन ने किया। संचालन विकास शैवाल ने किया।
📌 हमें गूगल न्यूज़ पर भी फॉलो करें |
