शिक्षा विभाग में रिश्वत का खेल बेनकाब ! रिटायर्ड शिक्षक की पेंशन फाइल पर ‘रेट’ तय करने वाला बाबू लोकायुक्त के जाल में फंसा

रतलाम जिले के जावरा में उज्जैन लोकायुक्त ने शिक्षा विभाग के सहायक ग्रेड-2 अनिल वर्मा को 10 हजार रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया। सेवानिवृत्त शिक्षक की पीपीओ और सेवानिवृत्ति प्रमाण पत्र जारी करने के बदले मांगी थी रिश्वत।

शिक्षा विभाग में रिश्वत का खेल बेनकाब ! रिटायर्ड शिक्षक की पेंशन फाइल पर ‘रेट’ तय करने वाला बाबू लोकायुक्त के जाल में फंसा
रिश्वत लेने के आरोप में गिरफ्तार बाबू।

एसीएन टाइम्स @ रतलाम । शिक्षा विभाग में सेवानिवृत्त कर्मचारियों की फाइलों पर ‘रेट’ तय कर काम कराने की प्रवृत्ति पर उज्जैन लोकायुक्त ने बड़ा प्रहार किया है। रतलाम जिले के जावरा स्थित शासकीय कन्या हायर सेकेंडरी संकुल केंद्र में पदस्थ सहायक ग्रेड-2 अनिल वर्मा को लोकायुक्त टीम ने 10 हजार रुपए की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। आरोपी पर एक सेवानिवृत्त शिक्षक का सेवानिवृत्ति प्रमाण पत्र और पीपीओ (पेंशन भुगतान आदेश) जारी कराने के एवज में रिश्वत मांगने का आरोप है।

जानकारी के अनुसार शिकायतकर्ता लक्ष्मीनारायण लोट, निवासी जावरा, शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय हाटपिपल्या, ब्लॉक जावरा में उच्च माध्यमिक शिक्षक के पद पर कार्यरत थे और 31 मई 2026 को सेवानिवृत्त हुए थे। सेवानिवृत्ति के बाद उनकी पेंशन संबंधी प्रक्रिया पूरी करने और आवश्यक दस्तावेज जारी करने के बदले आरोपी बाबू ने 20 हजार रुपए की मांग की थी। बाद में सौदा घटाकर 10 हजार रुपए पर तय किया गया।

शिकायतकर्ता का आरोप है कि पिछले चार-पांच दिनों से उन्हें लगातार परेशान किया जा रहा था और फाइल आगे बढ़ाने के लिए रिश्वत देने का दबाव बनाया जा रहा था। परेशान होकर उन्होंने उज्जैन लोकायुक्त से संपर्क किया और शिकायत दर्ज कराई।

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टेबल की दराज में रखे रिश्वत के रुपए 

लोकायुक्त ने शिकायत का सत्यापन, बातचीत की रिकॉर्डिंग और अन्य आवश्यक जांच प्रक्रियाएं पूरी करने के बाद सोमवार दोपहर करीब 1 बजे योजनाबद्ध ट्रैप कार्रवाई की। जैसे ही शिकायतकर्ता ने आरोपी को 10 हजार रुपए सौंपे, लोकायुक्त टीम ने उसे दबोच लिया। बताया गया कि राशि लेने के बाद अनिल वर्मा ने नोटों को कार्यालय की टेबल की दराज पर रखे एक रजिस्टर के नीचे छिपा दिया था, जहां से टीम ने पूरी रकम बरामद कर ली।

इन्होंने ने की कार्रवाई 

लोकायुक्त डीएसपी दिनेशचंद्र पटेल ने बताया कि आरोपी के विरुद्ध भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत प्रकरण दर्ज कर लिया गया है। मामले में आगे की वैधानिक कार्रवाई जारी है।

कार्रवाई में लोकायुक्त डीएसपी दिनेशचंद्र पटेल, निरीक्षक हिना डावर, हेड कांस्टेबल हितेश ललावत तथा कांस्टेबल उमेश जाटव, श्याम शर्मा, नीरज राठौर और संदीप कदम की महत्वपूर्ण भूमिका रही।

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