मौत बनकर दौड़ी ‘पुलिस’ लिखी कार, 3 घायल, इलाज के दौरान 1 ने तोड़ा दम, नामली में बवाल, सड़क पर चिता सजाने तक पहुंचा गुस्सा
रतलाम के नामली में ‘पुलिस’ लिखी कार से हादसा, एक की मौत के बाद फोरलेन पर उग्र प्रदर्शन; लोगों ने सड़क पर अंतिम संस्कार की चेतावनी दी।
नामली क्षेत्र में तेज रफ्तार ग्रैंड विटारा कार की टक्कर से घायल मुकेश कुमावत की इलाज के दौरान मौत, आक्रोशित लोगों ने किया उग्र प्रदर्शन
एसीएन टाइम्स @ रतलाम । जिले के नामली क्षेत्र में एक दर्दनाक सड़क हादसे ने इंसानी संवेदनाओं को झकझोर दिया। ‘पुलिस’ लिखी तेज रफ्तार कार की टक्कर से एक व्यक्ति की मौत के बाद लोगों का गुस्सा सड़कों पर फूट पड़ा। हालात इतने बिगड़े कि आक्रोशित भीड़ ने फोरलेन जाम कर सड़क किनारे ही अंतिम संस्कार करने की चेतावनी दे डाली।
गुरुवार रात नामली क्षेत्र में हुआ सड़क हादसा शुक्रवार सुबह उग्र विरोध में बदल गया। ‘पुलिस’ लिखी एक काली ग्रैंड विटारा कार (क्रमांक MP 09 AG 3339) ने पलदूना फंटे के पास स्कूटी सवार दो लोगों और एक पैदल जा रहे व्यक्ति को जोरदार टक्कर मार दी। इस भीषण टक्कर में पैदल चल रहे 55 वर्षीय मुकेश पिता किशनलाल कुमावत, स्कूटी सवाल 50 वर्षीय मुकेश पिता परमानंद कुमावत और 69 वर्षीय मांगीलाल पिता भेरूलाल कुमावत गंभीर घायल हो गए। तीनों को तुरंत रतलाम के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां से हालत नाजुक होने पर मुकेश कुमावत को इंदौर रैफर किया गया। मुकेश जिंदगी की जंग हारते हुए शुक्रवार दोपहर करीब 2 बजे उनकी मौत हो गई।
सड़क किनारे चिता सजाने की कर ली तैयारी
हादसे में घायल की मौत की खबर ने पूरे क्षेत्र में आक्रोश की आग भड़का दी। शुक्रवार सुबह सैकड़ों लोग फोरलेन पर उतर आए और सड़क पर बैठकर जोरदार प्रदर्शन किया। गुस्साए लोगों ने प्रशासन और फोरलेन निर्माण कंपनी के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और सुरक्षा व्यवस्था की अनदेखी पर सवाल खड़े किए। आक्रोश इतना बढ़ गया कि कुछ लोगों ने सड़क किनारे ही चिता सजाकर अंतिम संस्कार करने की तैयारी शुरू कर दी। यह दृश्य न केवल भयावह था, बल्कि व्यवस्था के प्रति गहरी नाराजगी का प्रतीक भी बन गया।
ये भी पढ़ें
पलदूना फंटा बना हादसों का हॉटस्पॉट
प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि पलदूना फंटा हादसों का हॉटस्पॉट बन चुका है, लेकिन इसके बावजूद न तो स्पीड कंट्रोल के उपाय किए जा रहे हैं और न ही सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम हैं। लोगों ने यह भी आरोप लगाया कि ‘पुलिस’ लिखी गाड़ियों का गलत इस्तेमाल कर तेज रफ्तार में वाहन दौड़ाए जा रहे हैं, जिससे आम लोगों की जान जोखिम में पड़ रही है। सबसे बड़ा सवाल यह भी उठा कि इतने गंभीर हादसे के बाद भी आरोपी चालक की गिरफ्तारी अब तक क्यों नहीं हो सकी। इसी बात ने लोगों के गुस्से को और भड़का दिया।
पुलिस ने दिया सख्त कार्रवाई का भरोसा
मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे और प्रदर्शनकारियों को समझाइश देकर स्थिति को नियंत्रित किया। पुलिस ने आश्वासन दिया कि दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। पुलिस के मुताबिक, मामले में प्रकरण दर्ज कर लिया गया है और आरोपी वाहन चालक की तलाश जारी है। यह हादसा एक बार फिर जिले में सड़क सुरक्षा और ट्रैफिक नियंत्रण व्यवस्था पर बड़े सवाल खड़े कर गया है।
ये भी पढ़ें











